नई दिल्ली. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आम आदमी को जीएसटी में बदलाव करके लोगों को बड़ी खुशखबरी दी है. वित्त मंत्री की अध्यक्षता में हुई जीएसटी काउंसिल की बैठक में फैसला लिया गया कि टैक्स स्ट्रक्चर में बदलाव किया जाएगा। अब जीएसटी में 5 परसेंट और 18 परसेंट के दो टैक्स स्लैब होंगे इसके अलावा एक तीसरा टैक्स स्लैब 40 परसेंट का है जो लग्जरी कार, सुगर बेवरेजेस, तंबाकू प्रोडक्ट्स और फास्ट फूड पर लागू किया जाएगा. पीएम मोदी ने इस फैसले को ऐतिहासिक फैसला बताया है।
लोगों को जीएसटी बदलावों से होगा लाभ- पीएम
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने जीएसटी परिषद की तरफ से लिए गए फैसले पर खुशी व्यक्त की है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया में लिखा है कि जीएसटी में हुTए बदलाव से आम आदमी, किसानों, एमएसएमई, मध्यम वर्ग, महिलाओं और युवाओं को लाभ होगा। इन व्यापक सुधारों से हमारे नागरिकों के जीवन को बेहतर बनाएंगे और सभी के लिए, विशेष रूप से छोटे व्यापारियों और व्यवसायों के लिए कारोबारी सुगमता सुनिश्चित होगी।”
हेल्थ और इंश्योरेंस सेक्टर को मिलेगा फायदा
वित्त मंत्री के मुताबिक, अब आम आदमी के लिए इंश्योरेंस पहले के मुकाबले अधिक किफायती होगा. अब हेल्थ इंश्योरेंस सेक्टर में व्यक्तिगत यूलिप प्लान, फैमिली फ्लोटर प्लान वाले हेल्थ इंश्योरेंस में कोई जीएसटी नहीं लगेगा.
इसके अलावा लाइफ इंश्योरेंस, टर्म लाइफ, यूनिट लिंक्ड इंश्योरेंस प्लान (यूलिप) और एंडोमेंट प्लान जैसे सभी लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी में जीएसटी नहीं लगेगा. इन सभी पालिसी को रिन्यू कराते समय यानि रीइंश्योरेंस में भी जीएसटी जीरो परसेंट की कैटेगरी में आ जाएगा.
जीएसटी के इन नए बदलावों से अब केवल बेस प्रीमियम का पेमेंट करना होगा. उस पर अब अलग से कोई जीएसटी टैक्स नहीं लगेगा. जीएसटी के इस रिफार्म्स पर इंडस्ट्री के एक्सपर्ट्स ने कहा है कि ये एक अच्छा फैसला है.
इससे अब पॉलिसीज के प्रीमियम में लगभग 15 परसेंट तक की कमी आएगी. इस फैसले से हेल्थ और जनरल इंश्योरेंस की पहुंच देश के अधिकतर लोगों तक बढ़ेगी. अभी मौजूदा व्यवस्था में हेल्थ और लाइफ इंश्योरेंस पर 18 परसेंट जीएसटी लगता है वहीं अब नए जीएसटी रिफॉर्म्स के तहत जीएसटी ज़ीरो परसेंट लगेगा. यह नया नियम 22 सितंबर से लागू हो जाएगा.
इसके अलावा, छेना, दूध, रोटी, पराठा और पनीर समेत रोजमर्रा की कई चीजों पर टैक्स नहीं लगेगा. इससे खाने-पीने वाली चीजें सस्ती हो जाएंगी। वहीं, इलेक्ट्रिक वाहनों पर पहले की तरह 5 प्रतिशत टैक्स लगेगा. इसके अलावा नए टैक्स सुधार से सिंगल स्क्रीन में फिल्म देखने वाले लोगों को भी फायदा मिलेगा क्योंकि 100 रुपए या इससे कम कीमत वाले टिकट पर पुराने 12% टैक्स के बजाय अब 5% टैक्स लगेगा. लेकिन इससे ज़्यादा कीमत वाले टिकटों पर पुराने नियमों के मुताबिक 18% टैक्स लगेगा.
लग्जरी सामानों और सिन गुड्स पर लगेगा 40 परसेंट टैक्स
नए जीएसटी रिफार्म्स के तहत अब पान मसाला, सिगरेट, गुटखा, और तंबाकू जैसे हानिकारक पदार्थों पर 40 परसेंट जीएसटी लगेगा. ये टैक्स एक्स-फैक्ट्री कीमतों के बजाय खुदरा कीमतों पर लगेगा. इससे अब पान मसाला, सिगरेट, गुटखा, तंबाकू से बनाए गए दूसरे प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करने वाले लोगों को अब ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ेंगे.
साथ ही लग्जरी सामानों और सिन गुड्स पर 40 परसेंट टैक्स लगाया जाएगा. इसमें से कोल्ड ड्रिंक, कार्बोनेटेड पेय, फलों के पेय या फलों के रस वाले कार्बोनेटेड पेय, ऑनलाइन गेमिंग, कैफीनयुक्त पेय पदार्थों पर भी 40 परसेंट टैक्स लगेगा। इसके अलावा लग्जरी कार, सुगर बेवरेजेस और फास्ट फूड पर भी 40 परसेंट का टैक्स लगेगा.
सरकार के मुताबिक ‘नेक्स्ट जेनरेशन’ जीएसटी रिफॉर्म्स से आम लोगों से लेकर व्यापारियों तक की समस्याओं का समाधान होगा।



