नई दिल्ली. जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले का पाकिस्तान कनेक्शन सामने आया है. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि भारत न केवल आतंकवादियों का काम तमाम करेगा बल्कि उनके आकाओं को भी कड़ा सबक सिखाया जाएगा.
पाकिस्तान पर ‘पंच प्रहार’
पाकिस्तान पर डिप्लोमैटिक एक्शन का एलान किया जा चुका है. आज प्रधानमंत्री के आवास पर सीसीएस की एक हाईलेवल की मीटिंग हुई जिसमें 5 बड़े फैसले लिए गए.
ये एक तरीके से पाकिस्तान पर पंच प्रहार है. इनमें से पहला फैसला हुआ कि भारत में पाकिस्तानी उच्चायुक्त को बंद किया जाएगा, दूसरा फैसला पाकिस्तानियों को वीजा नहीं दिया जाएगा, तीसरा फैसला सिंधु जल समझौते पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाई गई, चौथा फैसला पाकिस्तान डिप्लोमैट्स को 48 घंटे के अंदर देश छोड़ना होगा और पांचवां फैसला अटारी बार्डर को बंद करने का लिया गया है.
मोदी सरकार आतंक का अंत करने को है तैयार
विदेश सचिव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीसीएस की बैठक के बारे में जानकारी दी. उन्होंने बताया कि सीसीएस की बैठक में सभी ने पहलगाम में हुए आतंकी हमले की कड़े शब्दों में निंदा की.
उन्होंने कहा कि, “बैठक में निर्णय लिया है कि सिंधु जल संधि को तत्काल प्रभाव से स्थगित कर दिया गया है. अटारी बॉर्डर को भी बंद किया गया है. पाकिस्तानियों को वीजा नहीं देने का भी फैसला किया गया है. इस दौरान जो भी पाकिस्तान नागरिकों इस समय भारत में हैं उनको 48 घंटे के अंदर भारत छोड़ने का अल्टीमेटम दिया गया है.”
विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने ने कहा कि, सभी सैन्य बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है. भारत ने कहा है कि आतंकवादियों को और इसके प्रायोजकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी .
मोदी सरकार ने पाकिस्तान पर डिप्लोमैटिक एक्शन तो ले लिया है. वहीं सूत्र बता रहे है कि 2.30 घंटे तक चली सीसीएस की बैठक में पहलगाम के आतंकियों को पकड़ने और उनके आतंकी ठिकानों को नेस्तनाबूद करने के लिए भी कुछ बड़े फैसले लिए गए हैं जिन्हें फिलहाल सुरक्षा कारणों से गोपनीय रखा गया है. एक बात तो साफ है कि इस बार सर्जिकल स्ट्राइक से भी बड़ा कुछ देखने को मिलेगा ताकि आतंकियों का पूरी तरह से अंत किया जा सके.



