नई दिल्ली. देश के 140 करोड़ नागरिक पहलगाम के आतंकियों का अंत देखना चाहते हैं. पूरा देश आतंकियों और उनके आकाओं पर सख्त कार्रवाई चाहता है. मोदी सरकार भी आतंकियों और साजिश रचने वालों के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने के लिए लगातार हाईलेवल की मीटिंग कर रही है.
टेररिज्म खत्म करने के लिए टाइम और टारगेट सेट करे सेना
पीएम मोदी ने प्रधानमंत्री आवास पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और तीनों सेनाओं के प्रमुख, नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर अजीत डोवल और चीफ ऑफ डिफेंस स्टॉफ यानि सीडीएस अनिल चौहान के साथ एक बड़ी मीटिंग जो लगभग 90 मिनट चली
सूत्रों के मुताबिक, इस हाईलेवल की मीटिंग में पीएम मोदी ने कई बड़े और कड़े फैसले किए. पीएम मोदी ने तीनों सेनाओं को खुली छूट देते हुए कहा कि टाइम और टारगेट सेट करके टेररिज्म के ठिकानों का अंत करें.
पीएम ने कहा कि उन्हें और देश को सेना की ताक़त और उसके ऑपरेशनल क्षमताओं में पूर्ण विश्वास है. आतंकियों और उनके आकाओं के ठिकानों को नष्ट करने के लिए सैन्य बलों को खुली छूट दी गई है.
पीएम मोदी से मिल गृहमंत्री अमित शाह
पीएम की तीनों सेनाओं के अध्यक्ष के साथ हुई मीटिंग के थोड़ी देर बाद पीएम मोदी से मिलने गृहमंत्री अमित शाह उनके आवास पर पहुंचे. दोनों नेताओं के बीच अहम बातचीत हुई. माना जा रहा है कि पाकिस्तान में पल रहे आतंकी कैंप को नष्ट करने के लिए फैसले लिए गए.
मोदी और मोहन भागवत की हुई मुलाकात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गृहमंत्री अमित शाह की मीटिंग के ठीक बाद संघ प्रमुख मोहन भागवत भी प्रधानमंत्री आवास पहुंचे. दोनों के बीच आधे घंटे तक की मुलाकात हुई. सूत्रों के मुताबिक पीएम मोदी ने मोहन भागवत को सरकार के द्वारा पाकिस्तान के खिलाफ उठाए जाने वाले कदमों के बारे में जानकारी दी.
मीटिंग दर मीटिंग के बाद ये साफ हो गया है कि पीएम मोदी ने आतंकवादियों और उनके आकाओं के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने का फैसला ले लिया है. आने वाले दिनों में ये साफ हो जाएगा किस तरह से कार्रवाई की जाएगी.




